ब्रेकिंग
अवैध रेत उत्खनन पर जिला प्रशासन की बड़ी कार्रवाई, 200 ट्रैक्टर-ट्रॉली रेत जब्त जनजातीय और वंचित युवाओं को मिलेगा कौशल प्रशिक्षण, रोजगार के लिए बनेगी व्यापक कार्ययोजना बस्तर में स्वास्थ्य सुविधाओं का होगा बड़ा विस्तार वीरांगना रानी दुर्गावती का शौर्य और बलिदान राष्ट्र की प्रेरणा का अमर स्रोत : मुख्यमंत्री विष्णुदेव स... मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की ने राजनांदगांव में 510 करोड़ रुपये से अधिक लागत के 333 विकास कार्यों क... मानसून ने पकड़ी रफ्तार: 27 जिलों में बारिश, बिजली गिरने और तेज हवाओं का यलो अलर्ट बोरसीभाठा वार्ड क्रमांक 50 में आधी रात ग्रामीणों का आशियाना तोड़ा गया, पीड़ितों की गुहार पर पहुंचे अ... वार्डों में विकास कार्यों की सौगात, महापौर ने किया लाखो के जनहितकारी कार्यों का भूमिपूजन, स्कूल शिक्षा विभाग की समीक्षा बैठक: VSK App में पंजीयन जरूरी, शिक्षकों के लिए नए निर्देश जारी राज्य को मिली बड़ी खनिज सफलता: 200 टन सैंपलिंग में मिले 5 हीरे, अर्थव्यवस्था को मिलेगा बल
छत्तीसगढ़जगदलपुर

बस्तर में स्वास्थ्य सुविधाओं का होगा बड़ा विस्तार

महारानी अस्पताल के कायाकल्प के लिए 7 करोड़ रूपए से अधिक का प्रस्ताव तैयार

जगदलपुर  : जगदलपुर के ऐतिहासिक महारानी अस्पताल को संभाग का सर्वसुविधायुक्त और आधुनिक चिकित्सा केंद्र बनाने के लिए 7 करोड़ से अधिक की लागत का प्रस्ताव और कायाकल्प का काम समय-समय पर विभिन्न चरणों में किया गया है, जिसके माध्यम से बस्तरवासियों को बेहतरीन स्वास्थ्य सुविधाएं मिल सकें। महारानी अस्पताल के कायाकल्प को दो से अधिक चरणों में पूरा किया गया है, जिसमें ओपीडी, आपातकालीन इकाई, ओटी कॉम्प्लेक्स, और आईसीयू शामिल हैं।

बस्तर संभाग के लाखों लोगों के लिए एक बड़ी और राहत भरी खबर है। जल्द ही स्थानीय स्तर पर ही मरीजों को सुपर-स्पेशलिटी स्तर की स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध होंगी। जिला चिकित्सालय महारानी अस्पताल, जगदलपुर के व्यापक उन्नयन और आधुनिकीकरण के लिए 7 करोड़ 1 लाख रुपये से अधिक का प्रस्ताव तैयार किया गया है। जगदलपुर के कलेक्टर  आकाश छिकारा की अध्यक्षता में आयोजित जीवन दीप समिति की बैठक में अस्पताल के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने और मरीजों को विश्वस्तरीय इलाज मुहैया कराने के लिए कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए।

आधुनिक ऑपरेशन थिएटर और नई मशीनें मिलेंगी

प्रस्ताव के अनुसार, अस्पताल की चिकित्सा प्रणाली को पूरी तरह अपग्रेड किया जा रहा है। मॉड्यूलर ओटी का नवीनीकरण के तहत प्रसूति, स्त्री रोग और सामान्य सर्जरी विभाग के ऑपरेशन थिएटरों (व्ज्) को अत्याधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित किया जाएगा। अस्पताल में सीटी स्कैन जैसी आवश्यक सेवाओं के लिए विद्युत व्यवस्था सुधारी जाएगी। साथ ही कलर डॉपलर, मोबाइल डीआर सिस्टम, एंडोस्कोपी और लेप्रोस्कोपी जैसी नई मशीनें खरीदी जाएंगी। नेत्र एवं ईएनटी (नाक, कान, गला) के उपचार के लिए आधुनिक उपकरण मंगाए जा रहे हैं।

शिशु एवं बाल स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान

संभाग में नवजात और बच्चों के बेहतर इलाज के लिए स्वास्थ्य सेवाओं को और मजबूत किया जाएगा। इसके तहत 12 बिस्तरीय पीडियाट्रिक आईसीयू (च्प्ब्न्) और 30 बिस्तरीय शिशु रोग वार्ड के शीघ्र संचालन के लिए मरम्मत व सुरक्षा कार्यों को मंजूरी दी गई है। गंभीर बीमार बच्चों के इलाज के लिए ैछब्न् और डछब्न् वार्डों के लिए अत्याधुनिक उपकरणों की खरीदी की जाएगी।

बिजली के मामले में आत्मनिर्भर बनेगा अस्पताल

महारानी अस्पताल में निर्बाध बिजली आपूर्ति और ऊर्जा आत्मनिर्भरता के लिए बड़ा निवेश किया जा रहा है। 78 लाख रुपये की लागत से अस्पताल में ऑन-ग्रिड सोलर पावर सिस्टम स्थापित किया जाएगा। आपातकालीन बिजली बैकअप के लिए 65 लाख रुपये की लागत से एक नया भारी क्षमता वाला डीजी (जनरेटर) सेट भी लगाया जाएगा। इसके अलावा मरीजों के परिजनों के लिए अस्पताल परिसर में पार्किंग सुविधा और श्होम शेल्टरश् का निर्माण किया जाएगा।

पारदर्शिता के लिए कड़ा फैसला

स्वास्थ्य सेवाओं में पारदर्शिता और दवाइयों की गुणवत्ता बनाए रखने के उद्देश्य से समिति ने धन्वंतरी दवा केंद्र के वर्तमान अनुबंध को आगे नहीं बढ़ाने की सिफारिश की है। इसके अतिरिक्त, अटल आरोग्य लैब के अंतर्गत माइक्रोबायोलॉजी विभाग को जल्द से जल्द शुरू करने के निर्देश दिए गए हैं। बायो-मेडिकल वेस्ट मैनेजमेंट और एयर हैंडलिंग यूनिटों की मरम्मत को भी हरी झंडी मिल गई है।

निर्धारित समय-सीमा में पूरे होंगे काम

कलेटर  आकाश छिकारा ने अधिकारियों को कड़े निर्देश देते हुए कहा कि स्वीकृत किए गए सभी विकास कार्य निर्धारित समय-सीमा के भीतर और उच्च गुणवत्ता के साथ पूरे किए जाएं। उन्होंने कहा कि इस पहल का मुख्य उद्देश्य बस्तर संभाग के दूरस्थ और ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले गरीब मरीजों को जगदलपुर में ही उच्च स्तरीय और सुलभ चिकित्सा सुविधाओं का लाभ देना है, ताकि उन्हें इलाज के लिए बाहर न भटकना पड़े। यह कदम बस्तर के हेल्थ इंफ्रास्ट्रक्चर को एक नई ऊंचाई पर ले जाएगा।

 

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Slot Site
Back to top button